
हिमाचल : आईआईटी मंडी में एआई की नई क्रांति, जुटेंगे दुनिया के दिग्गज
पोल खोल न्यूज़ | मंडी

आईआईटी मंडी अपने टेक्नोलॉजी इनोवेशन हब के साथ मिलकर ‘हाइव 3.0’ अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन करने जा रहा है। बता दें कि यह सम्मेलन 30 मार्च से 1 अप्रैल तक आईआईटी मंडी परिसर में होगा। सम्मेलन का मुख्य फोकस मानव-केंद्रित कृत्रिम बुद्धिमत्ता, सहयोगात्मक इंटेलिजेंस और मल्टीमॉडल एआई के बढ़ते महत्व पर रहेगा।
तीन दिवसीय इस सम्मेलन में 500 से अधिक प्रतिभागियों, 100 से ज्यादा स्टार्टअप, 100 से अधिक प्रदर्शनों और 50 से अधिक वक्ताओं के शामिल होने की संभावना है। सम्मेलन का उद्घाटन पद्म भूषण से सम्मानित कृष गोपालकृष्णन करेंगे। हाइव 3.0 के तीसरे संस्करण में यह बताया जाएगा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस अब केवल टेक्स्ट आधारित सिस्टम तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि आवाज, दृश्य, हावभाव और सेंसर डेटा जैसे विभिन्न इनपुट को एक साथ समझने की दिशा में तेजी से विकसित हो रहा है।

बताते चलें कि अब तक एआई सिस्टम अलग-अलग संकेतों को स्वतंत्र रूप से प्रोसेस करते रहे, जबकि वास्तविक दुनिया में सूचनाएं एक साथ कई रूपों में सामने आती हैं। इस अंतरराष्ट्रीय मंच पर अमेजन, डॉल्बी, बॉश, माइक्रोसॉफ्ट, हिताची, एचपी, हनीवेल और कोलिन्स एयरोस्पेस जैसे वैश्विक उद्योग जगत के प्रतिनिधि शामिल होंगे। इसके अलावा स्टैनफोर्ड विवि रेगेन्सबर्ग विवि, जेनोआ विश्वविद्यालय, सीएनआरएस फ्रांस, आईआईटी और आईआईएससी बेंगलुरु के शोधकर्ता भी अपने विचार साझा करेंगे।
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वैश्विक स्तर पर मल्टीमॉडल एआई को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का अगला चरण माना जा रहा है, क्योंकि मानव संवाद स्वाभाविक रूप से कई संकेतों जैसे देखना, सुनना और संदर्भ को समझने पर आधारित होता है। ऐसे में ‘हाइव 3.0’ को मानव-केंद्रित एआई और जिम्मेदार एआई के भविष्य को दिशा देने वाला एक महत्वपूर्ण मंच माना जा रहा है।
टेक्नोलॉजी इनोवेशन हब आईआईटी मंडी के सीईओ सोमजीत अमृत ने कहा कि मल्टीमॉडल एआई में निवेश से भविष्य में ऐसे ह्यूमनॉइड रोबोट विकसित करने की दिशा में आधार तैयार हो रहा है, जो इंसानों और मशीनों के संबंधों को नए स्तर पर ले जाएंगे। वैश्विक स्तर पर मल्टीमॉडल एआई को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का अगला चरण माना जा रहा है।
मानव संवाद स्वाभाविक रूप से कई संकेतों जैसे देखना, सुनना और संदर्भ को समझने पर आधारित होता है। ऐसे में ‘हाइव 3.0’ को मानव-केंद्रित एआई और जिम्मेदार एआई के भविष्य को दिशा देने वाला मंच माना जा रहा है।

Author: Polkhol News Himachal









