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एहतियात से 40 फीसदी तक रोका जा सकता है कैंसर, हिमाचल में हर साल 10 हजार से ज्यादा नए मामले

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  • एहतियात से 40 फीसदी तक रोका जा सकता है कैंसर, हिमाचल में हर साल 10 हजार से ज्यादा नए मामले

  • डब्ल्यूएचओ की स्टडी ने दिखाई उम्मीद की राह, जीवनशैली में बदलाव सबसे बड़ा हथियार

पोल खोल न्यूज़ | शिमला

हिमाचल प्रदेश में तेजी से बढ़ रहे कैंसर के मामलों के बीच एक राहत भरी खबर सामने आई है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की अंतरराष्ट्रीय कैंसर अनुसंधान एजेंसी (IARC) के विश्लेषण के अनुसार यदि लोग एहतियात और कैंसर से बचाव के करीब 30 तरीकों को अपनाएं, तो इस जानलेवा बीमारी के मामलों में 40 फीसदी तक कमी लाई जा सकती है। यह रिपोर्ट हिमाचल के लिए खास महत्व रखती है, जहां हर साल औसतन 10 हजार से अधिक नए कैंसर मरीज सामने आ रहे हैं।

आईजीएमसी के रेडियोथैरेपी विभाग के अध्यक्ष एवं रिजनल कैंसर सेंटर के प्रमुख डॉ. मुनीश गुप्ता ने बताया कि विश्व कैंसर दिवस के अवसर पर जारी यह अध्ययन प्रदेश में कैंसर नियंत्रण की दिशा में उम्मीद की किरण है। उन्होंने कहा कि कैंसर के अधिकांश मामले जीवनशैली और रोके जा सकने वाले कारणों से जुड़े हैं, जिन्हें समय रहते नियंत्रित किया जा सकता है।
डब्ल्यूएचओ के इस विश्लेषण में 185 देशों और 36 प्रकार के कैंसर के आंकड़ों का अध्ययन किया गया। रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2022 में सामने आए कैंसर के कुल नए मामलों में से 37 प्रतिशत, यानी करीब 71 लाख मामले ऐसे कारणों से जुड़े थे, जिन्हें रोका जा सकता था। इनमें तंबाकू सेवन 15 फीसदी, संक्रमण 10 फीसदी और शराब सेवन करीब तीन फीसदी मामलों के लिए जिम्मेदार पाया गया।

डब्ल्यूएचओ की कैंसर नियंत्रण टीम के प्रमुख डॉ. आंद्रे इल्बावी ने कहा कि यह पहला वैश्विक विश्लेषण है, जो स्पष्ट करता है कि कैंसर का बड़ा जोखिम उन कारणों से जुड़ा है, जिन पर मानव नियंत्रण संभव है। रिपोर्ट के अनुसार नए कैंसर मामलों में पुरुषों की हिस्सेदारी 45 फीसदी और महिलाओं की 30 फीसदी दर्ज की गई है।

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डॉ. मुनीश गुप्ता ने बताया कि हिमाचल में कैंसर तेजी से पैर पसार रहा है। प्रदेश में हर साल 10 हजार से अधिक नए कैंसर के मामले सामने आ रहे हैं, जबकि आईजीएमसी शिमला में ही करीब तीन हजार नए मरीज हर वर्ष पंजीकृत हो रहे हैं। इनमें सबसे ज्यादा मामले फेफड़ों के कैंसर के हैं, जिनमें महिलाओं की संख्या भी लगातार बढ़ रही है। इसके अलावा ब्रेस्ट कैंसर के 175 से 200 और सर्वाइकल कैंसर के 150 से 200 नए मामले हर साल सामने आ रहे हैं।

विशेषज्ञों का कहना है कि समय रहते जीवनशैली में सुधार, नियमित स्वास्थ्य जांच और जागरूकता से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी को काफी हद तक रोका जा सकता है।

INFO BOX | कैंसर से बचाव के लिए जरूरी उपाय

  • तंबाकू, धूम्रपान और शराब का सेवन पूरी तरह छोड़ें
  • रोजाना व्यायाम और शारीरिक गतिविधियों को अपनाएं
  • मोटापा नियंत्रित रखें, संतुलित और घर का बना भोजन करें
  • पैक्ड और प्रिज़र्वेटिव वाले खाद्य पदार्थों से बचें
  • सुरक्षित यौन व्यवहार और नैतिक जीवनशैली अपनाएं
  • संक्रमण से बचाव के लिए नियमित स्वास्थ्य जांच कराएं
  • प्लास्टिक के बर्तनों में गर्म भोजन व पेय न रखें
  • वायु प्रदूषण और तेज धूप (यूवी किरणों) से बचाव करें
  • किसी भी लक्षण के दिखते ही तुरंत डॉक्टर से जांच करवाएं

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