
अमरनाथ यात्रा 2026: अब नहीं लगाना होगा 40 किमी का चक्कर, माधोपुर बॉर्डर से सीधे जौंडेक तक मिलेगा प्रवेश
3 जुलाई से शुरू होने वाली यात्रा के लिए तीन-स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था, रावी पुल चालू होने से यात्रियों को बड़ी राहत
पोल खोल न्यूज | पठानकोट
3 जुलाई से शुरू होने वाली श्री अमरनाथ यात्रा के लिए श्रद्धालुओं को इस बार बड़ी राहत मिलने जा रही है। पंजाब के माधोपुर बॉर्डर पर रावी नदी पर बना नया पुल वाहनों की आवाजाही के लिए खोल दिया गया है। इससे अब यात्रियों को पहले की तरह करीब 40 किलोमीटर लंबा चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा और वे सीधे जौंडेक के रास्ते जम्मू-कश्मीर में प्रवेश कर सकेंगे।
करीब 15 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस पुल का निर्माण लगभग 10 महीने में पूरा किया गया है। पहले पुल बंद होने के कारण यात्रियों को वैकल्पिक मार्ग से लंबा सफर तय करना पड़ता था, जिससे समय और ईंधन दोनों की अधिक खपत होती थी।
यात्रियों की सुरक्षा के लिए माधोपुर बॉर्डर पर तीन-स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई है। पंजाब पुलिस, पैरा मिलिट्री फोर्स तथा क्विक रिस्पांस टीम (QRT) को तैनात किया गया है। साथ ही यात्रियों की हर प्रकार की सहायता के लिए आधुनिक पुलिस कमांड सेंटर भी शुरू किया गया है, जहां से सुरक्षा व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखी जाएगी।
यात्रियों के पंजीकरण, सूचना और सहायता के लिए लखनपुर में एंट्री काउंटर और यात्री विश्राम शिविर बनाए गए हैं। यहां टेंट, पेयजल, चिकित्सा, भोजन और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी। आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए सात क्विक रिस्पांस टीमें भी तैयार रखी गई हैं।
इसके अलावा राष्ट्रीय राजमार्ग-44 पर चार नए स्पैन भी तैयार किए गए हैं, जिससे यातायात और अधिक सुगम होगा। प्रशासन का कहना है कि इस बार अमरनाथ यात्रा को सुरक्षित, सुचारु और सुविधाजनक बनाने के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे निर्धारित दिशा-निर्देशों का पालन करें और सुरक्षा एजेंसियों का सहयोग करें, ताकि यात्रा शांतिपूर्ण और सफलतापूर्वक संपन्न हो सके।









Author: Polkhol News Himachal









