
हिमाचल: एम्स बिलासपुर में अस्थमा, COPD का होगा सटीक निदान
पोल खोल न्यूज़ | बिलासपुर
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) बिलासपुर में इलाज करवा रहे फेफड़ों और सांस से जुड़ी बीमारियों के मरीजों के लिए राहत की खबर है। एम्स का फार्माकोलॉजी विभाग जल्द ही अत्याधुनिक डिजिटल स्पाइरोमीटर मशीन से लैस होने जा रहा है। इस मशीन के माध्यम से अस्थमा, सीओपीडी समेत अन्य श्वसन रोगों की सटीक और वैज्ञानिक जांच संभव हो सकेगी।
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डिजिटल स्पाइरोमीटर मशीन एफवीसी, एफईवी-1 सहित 15 से अधिक महत्वपूर्ण मापदंडों पर जांच करेगी। इससे डॉक्टर यह स्पष्ट रूप से तय कर सकेंगे कि मरीज को अस्थमा है, सीओपीडी है या कोई अन्य गंभीर फेफड़ों की बीमारी। शुरुआती स्तर पर बीमारी की पहचान होने से समय पर इलाज शुरू किया जा सकेगा।एम्स में बड़े ऑपरेशन के लिए आने वाले मरीजों के फेफड़ों की क्षमता का आकलन भी इस मशीन के माध्यम से किया जाएगा। इससे यह सुनिश्चित किया जा सकेगा कि मरीज के फेफड़े सर्जरी के दौरान पड़ने वाले दबाव को सहन करने में सक्षम हैं या नहीं, जिससे ऑपरेशन से जुड़े जोखिम कम होंगे।


Author: Polkhol News Himachal









