
खगल में दहशत का माहौल — बच्चों संग घूम रही मादा तेंदुआ, ग्रामीणों में भय का वातावरण
पोल खोल न्यूज़ डेस्क | हमीरपुर
जिला हमीरपुर के गांव खगल में इन दिनों दहशत का माहौल है। एक मादा तेंदुआ अपने तीन शावकों के साथ बीते कुछ दिनों से गांव के आसपास दिखाई दे रही है। ग्रामीणों के अनुसार, यह तेंदुआ कभी दोपहर 3 बजे, तो कभी शाम 5 या 7 बजे घरों के आस-पास देखी जाती है।
ग्रामीणों — विजय कुमार, सुनील कुमार, दीपक, सोमदत्त, हरिदत्त, गिरधारी लाल, डॉक्टर विनोद, खुशी मोहम्मद, पृथ्वी राज और अन्य पड़ोसियों ने बताया कि तेंदुए की मौजूदगी से लोग शाम 5 बजे के बाद घरों में कैद रहने को मजबूर हैं। बच्चों और बुजुर्गों के लिए घर से बाहर निकलना बेहद मुश्किल हो गया है।
वहीं, स्थानीय लोगों ने इस घटना की सूचना फॉरेस्ट गार्ड दी। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने बताया, “मादा तेंदुआ बच्चों के साथ है, इसलिए विभाग फिलहाल पिंजरा नहीं लगाएगा। इसकी ज़िम्मेदारी आप लोगों की होगी।”
ग्रामीणों ने इस पर नाराजगी जताते हुए वन विभाग से मांग की है कि जल्द से जल्द पिंजरा लगाया जाए और मादा तेंदुए व उसके शावकों को किसी सुरक्षित वन क्षेत्र में स्थानांतरित किया जाए। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि किसी भी प्रकार की जान-माल की हानि होती है, तो विभाग स्वयं जिम्मेदार रहेगा।
वहीं, फॉरेस्ट गार्ड शुभम ठाकुर ने बताया कि विभाग स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है। उन्होंने बताया कि जब मादा तेंदुआ बच्चों के साथ होती है, तो वह अत्यधिक संवेदनशील और रक्षात्मक होती है। ऐसे में पिंजरा लगाना जोखिमपूर्ण होता है। विभाग निगरानी कर रहा है और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
उन्होंने ग्रामीणों को कुछ सावधानी उपाय (Precautions) भी बताए —
- रात को समूह में ही बाहर निकलें।
- पटाखे चलाएं या टायर जलाएं, ताकि धुएं और आवाज़ से तेंदुआ आसपास न आए।
- कचरा या पशु अवशेष घर या आंगन के पास न फेंकें, क्योंकि इससे वन्यजीव आकर्षित होते हैं।
- घरों के आस-पास पर्याप्त रोशनी रखें।
- बच्चों और पालतू पशुओं को अकेले बाहर न छोड़ें।


Author: Polkhol News Himachal









